
CM भगवंत मान ने कल खटकड़ कलां से पंजाब का एंटी करप्शन हेल्पलाइन नंबर 95012-00200 जारी किया था।मान ने कहा कि अगर कोई कर्मचारी, अफसर, विधायक या मंत्री रिश्वत मांगे तो मना मत करना। उसकी ऑडियो या वीडियो रिकॉर्डिंग कर मुझे भेज देना। उन पर सख्त कार्रवाई होगी।
पंजाब की AAP सरकार इस हेल्पलाइन नंबर से उत्साहित है। हालांकि 5 बार पंजाब के CM रहे प्रकाश सिंह बादल ने कहा था कि सिर्फ कहने से भ्रष्टाचार खत्म नहीं होता। भ्रष्टाचार जड़ों में बैठा हुआ है। CM भगवंत मान की सरकार क्या करती है, यह भी देख लेंगे।
कैसे बनेगा रिश्वतखोरी का ऑडियो-वीडियो?:पंजाब के सरकारी दफ्तरों में आम जनता को मोबाइल की इजाजत नहीं; AAP विधायक बोले- यह सही नहीं, CM को बताएंगे
पंजाब में लोग रिश्वत मांगने या लेने वाले की ऑडियो या वीडियो रिकॉर्डिंग कैसे करेंगे? यह सवाल इसलिए क्योंकि सरकारी दफ्तरों में मोबाइल ले जाने की इजाजत ही नहीं है। इस बारे में बाकायदा दफ्तर के बाहर नोटिस तक लगाए गए हैं। खासकर पुलिस और बड़े प्रशासनिक अफसर मोबाइल लेकर अंदर नहीं आने देते। मोबाइल बाहर ही रखवा लिया जाता है। वहीं अगर कोई अंदर ले जाना चाहता है तो उसे मोाबाइल स्विच ऑफ करना पड़ता है।
इस बारे में भदौड़ विधानसभा सीट से आम आदमी पार्टी के MLA लाभ सिंह उगोके ने कहा कि यह चिंता का विषय है। जनता और सरकार के बीच भरोसा होना चाहिए। इस संबंध में वह जल्द ही CM भगवंत मान से मिलेंगे और मोबाइल पर लगाई रोक को हटाया जाएगा।

लोग बोले- नोटिस हटा मोबाइल की मंजूरी दें CM मान
CM भगवंत मान ने एक महीने में भ्रष्टाचार खत्म करने का दावा किया है। अब सोशल मीडिया पर मांग उठने लगी है कि CM मान तुरंत अफसरों के कमरों के बाहर लगे इस नोटिस को हटवाएं। आम लोगों को मोबाइल लेकर अफसरों के कमरे में जाने की इजाजत दी जाए। ऐसा न हुआ तो भ्रष्टाचार के खिलाफ यह कदम सिर्फ पॉलिटिकल स्टंट साबित होगा।