
जालंधर के फिल्लौर स्थित गांव गन्ना पिंड में तस्करों ने तहखाने बना शराब छुपा रखी थी। पुलिस की रेड पड़ी तो तस्करों ने कहा कि यह चूहों के बिल बने हुए हैं। पुलिस को दूसरे घर में भी ऐसे ही छेद मिले तो शक हो गया। सामान हटाकर तलाशी ली गई तो अंदर तहखाने बना शराब छुपा रखी थी। पुलिस ने छानबीन की तो दो महिला तस्करों कुलविंदर कौर उर्फ बिल्ली व सुरजीत कौर उर्फ भोली के घर से 400 लीटर अवैध शराब बरामद हो गई। पुलिस ने दोनों महिलाओं को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ एक्साइज एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया।
3 घंटे चली पुलिस की रेड, तहखानों को चूहों के बिल का आकार
फिल्लौर के डीएसपी हरनील सिंह व थाना इंचार्ज संजीव कपूर की अगुवाई में पुलिस ने गन्ना पिंड को चारों तरफ से घेर लिया। जिसके बाद 3 घंटे तक यहां पुलिस का सर्च अभियान चला। पुलिस जब कुलविंदर कौर बिल्ली के घर के भीतर गई तो वहां गड्ढे दिखे। जिनके बाहर चूहों के बिल जैसे आकार थे। पुलिस ने पूछा तो उसने इसे चूहों के बिल बताए। इससे पहले पुलिस भोली के घर में भी ऐसे ही छेद देख आई थी। उसने भी इसे चूहों के बिल बताए।
ईंट से बने पक्के घरों में चूहे के बिल से पुलिस का माथा ठनका
पुलिस ने देखा कि दोनों के घर ईट से पक्के बने हैं। ऐसे में इन दोनों के घर में चूहों ने गड्ढे कैसे कर दिए। वह भी दोनों का आकार एक जैसा ही है। इसके बाद पुलिस ने गड्ढों को खोदना शुरु कर दिया। थोड़ी देर बाद ही अंदर से शराब की बोतलें निकलनी शुरु हो गई।बैड के नीचे बना था तहखानाइसके बाद पुलिस ने उनके ऊपर लगे बैड को हटाकर तलाशी ली तो अंदर का पूरा तहखाना बेनकाब हो गया। तहखाने के छेद के अंदर से अवैध शराब से भरी बोतलें निकलनी शुरू हो गई। वहां से निकली शराब की बोतलों से पुलिस के दो ड्रम भर गए। जिसके बाद शराब को जब्त कर पुलिस ने दोनों महिला तस्करों को गिरफ्तार कर लिया।
बिल्ली व भोली पक्का नशा तस्कर, कई बार पकड़ चुके : इंस्पेक्टर संजीव कपूर
थाना फिल्लौर के SHO इंस्पेक्टर संजीव कपूर ने बताया कि कुलविंदर बिल्ली व भोली पक्की नशा तस्कर हैं। इन्हें कई बार पकड़ा जा चुका है, फिर भी जेल से छूटते ही यह दोबारा तस्करी शुरू कर देती हैं। कुलविंदर बिल्ली के खिलाफ 12 सालों में शराब व अन्य तस्करी के 23 केस दर्ज हैं। वह कई बार जेल भी जा चुकी है। वहीं, भोली के खिलाफ भी 15 केस दर्ज हैं। वह 3 दिन पहले ही जेल से छूटकर आई और फिर तस्करी करने लगी।
नशा तस्करी पर रहेगी पूरी नजर : DSP हरनील सिंह
फिल्लौर के DSP हरनील सिंह ने कहा कि सभी पुलिस थानों व चौकियों को नशा तस्करी पर कड़ी निगाह रखने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि जो भी नशा तस्करी करेगा, उसके खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी।
नशे के लिए बदनाम गन्ना पिंड, आदर्श ग्राम के तहत सांसद ने भी चुना था
फिल्लौर का यह गन्ना पिंड नशे के लिए बदनाम है। 1995 में तत्कालीन डीजीपी केपीएस गिल ने इसका सर्वे कराया था। तब पता चला कि उस वक्त गांव के 823 परिवारों में से 347 पर नशा तस्करी के केस दर्ज हैं। केंद्र की एनडीए सरकार के पहले कार्यकाल में जालंधर से सांसद चौधरी संतोख सिंह ने प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत गन्ना पिंड को चुना था। यहां न तो उचित विकास हो सका और न ही इस गांव को नशा तस्करी के कलंक से मुक्ति मिल पाई।