Punjab Kisan Andolan: किसान वार्ता खत्म; जालंधर में रेल-रोड ब्लाकेज जारी, पंजाब में चक्का जाम टला
Punjab Kisan Protest जालंधर में नेशनल हाईवे और रेलवे ट्रैक पर धरना दे रहे किसानों की सर्किट हाउस में सरकारी अफसरों के साथ बैठक भी बेनतीजा रही है। अब मंगलवार को उनकी चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ बैठक होगी।

जालंधर। Punjab Kisan Andolan गन्ने का समर्थन मूल्य 400 रुपये करने की मांग को लेकर किसानों की यहां सर्किट हाउस में सरकारी अफसरों के साथ बैठक भी बेनतीजा रही है। करीब साढ़े तीन बजे शुरू हुई बैठक करीब 6 बजे तक चली। इसके बाद किसानों ने जालंधर में नेशनल हाईवे और रेलवे ट्रैक पर धरने को जारी रखने का एलान कर दिया। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि अभी पंबाज में चक्का जाम की कॉल नहीं दी जा रही है। इस पर भी फैसला अब मंगलवार को चंडीगढ़ में उनकी सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ बैठक के बाद होगा।
बैठक में पंजाब सरकार की ओर से गुरविंदर सिंह खालसा, केन कमिश्नर, बलविंदर सिंह सिद्धू कमिश्नर एग्रीकल्चर, चीफ एग्रीकल्चर अफसर जसविंदर सिंह, डीसीपी नरेश डोगरा बैठक में किसानों से बातचीत कर रहे हैं। इससे पहले रविवार को किसानों की सहकारिता मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा के साथ चंडीगढ़ में बैठक बेनतीजा रही थी। उनकी चीनी मिलों पर बकाया 200 करोड़ की राशि अगले कुछ दिनों में जारी किए जाने की मांग मंत्री रंधावा ने मान ली थी लेकिन उन्होंने गन्ने का समर्थन मूल्य और बढ़ाने से इनकार कर दिया था। पंजाब सरकार ने कुछ दिन पहले ही गन्ने का समर्थन मूल्य 310 रुपये से बढ़ाकर 325 रुपये किया है।किसान 15 रुपये की बढ़ोतरी को नाकाफी बता रहे हैं।
चंडीगढ़ में बैठक विफल रहने के बाद रविवार को किसानों ने धरना जारी रखने का एलान किया था। अब इस बैठक के नतीजे पर निर्भर है कि किसान अपना धरना खत्म करेंगे या फिर जारी रहेगा। फिलहाल, किसानो ने दिल्ली-अमृतसर नेशनल हाईवे और रेलवे ट्रैक को बाधित कर रखा है।बता दें कि शुक्रवार से जारी किसानों के धरने के कारण पूरे पंजाब के लोगों पर असर पड़ा है। दल्ली -अमृतसर नेशनल हाईवे किसानों के बैठे होने के कारण इस रूट पर लोगों को घूमकर जाना पड़ रहा है। किसान धन्नोवाली रेलवे फाटक के सामने रेलवे ट्रैक पर भी कब्जा जमाए बैठे हैं। इस कारण मंगलवार को ही फिरोजपुर मंडल की करीब 48 ट्रेनों को कैंसिल करना पड़ा है। 12 ट्रेनों के रूट कैंसिल किए गए हैं जबकि कई को शार्ट टर्मिनेट करना पड़ा। जालंधर से चंडीगढ़, होशियारपुर, पठानकोट आदि के लिए बसें भी डायवर्ट करके चलाई जा रही हैं।



